रक्त नाड़ियों में बहना चाहिए, नालियों में नहीं

कल्याण केसरी न्यूज़, समगौली, 8 फरवरी 2026: निरंकारी सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज के पवित्र आशीर्वाद से, संत निरंकारी चैरिटेबल फाउंडेशन के नेतृत्व में संत निरंकारी सत्संग भवन, समगौली में रक्त दान शिविर लगाया गया, जिसमें कुल 170 श्रद्धालुओं ने रक्त दान किया। कैंप का उद्घाटन चंडीगढ़ ज़ोन के जोनल इंचार्ज ओ.पी. निरंकारी जी ने स्थानीय मुखी मास्टर गुरनाम सिंह जी और अन्य गणमानीय व्यक्तियों के साथ किया।
इस मौके पर श्री ओ.पी. निरंकारी जी ने रक्त दानियों द्वारा इंसानियत के लिए किए गए शानदार कामों के लिए सतगुरु माता सुदीक्षा जी से आशीर्वाद मांगा। उन्होंने कहा कि इस शिविर का मुख्य मकसद बाबा हरदेव सिंह जी के शब्दों, “मानव को मानव हो प्यारा, एक दूजे का बने सहारा” को ज़िंदा करना है। 1986 से अब तक संत निरंकारी मिशन द्वारा लगाए गए करीब 9000 शिविरों में करीब 1.5 मिलियन यूनिट रक्त दान किया जा चुका है। इस बारे में उन्होंने बताया कि साल 2025-26 के दौरान चंडीगढ़ ज़ोन में करीब 20 रक्त दान शिविर लगाए जा रहे हैं, जिनमें करीब 3000 भक्त रक्त दान करेंगे।

आज के मौजूदा हालात में भी सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज बाबा हरदेव सिंह जी महाराज के संदेश “रक्त नालियों में नहीं, नाड़ियों में बहना चाहिए” को अपनाकर लोगों को इंसानियत को बचाने के लिए जीवन जीने की प्रेरणा दे रहे हैं। समगौली ब्रांच के मुखी मास्टर गुरनाम सिंह जी ने ज़ोनल इंचार्ज श्री ओ.पी. निरंकारी जी, विशेष रूप से पहुंचे गणमान्य व्यक्तियों, अलग अलग ब्रांचों के मुखियों, आस-पास के इलाकों से आए भक्तों और खास तौर पर सभी रक्त दानियों और गवर्नमेंट मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल, सेक्टर 16, चंडीगढ़ से डॉ. नितिका सूर्या के नेतृत्व में आई 11 सदसीय टीम और गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज और अस्पताल, सेक्टर 32, चंडीगढ़ की डा. रवनीत कौर के नेतृत्व वाली 17 सदस्यीय टीम का शिविर में पहुंचने के लिए हार्दिक धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि सतगुरु माता जी का संदेश है कि “रक्त दान से खून के रिश्ते बनते हैं।” रक्त दान सिर्फ़ एक सामाजिक काम नहीं है, बल्कि इंसानियत का एक पवित्र गुण है जो योगदान की भावना को दर्शाता है। शिविर का आयोजन सेवादल के वॉलंटियर्स ने संचालक काका सिंह की देखरेख में किया।
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