आईस ड्रग और दो आधुनिक पिस्तौल बरामद, पांच आरोपी गिरफ्तार

कल्याण केसरी न्यूज़, अमृतसर, 10 फरवरी 2026: खुफिया सूचना के आधार पर की गई एक सटीक कार्रवाई में कमिश्नरेट पुलिस अमृतसर ने सीमा पार संबंधों वाले हथियारों और नशीले पदार्थों की तस्करी के एक संगठित नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 523 ग्राम आईस ड्रग (मेथामफेटामाइन) और दो आधुनिक ग्लॉक 9 एमएम पिस्तौल बरामद करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
इस संबंध में थाना गेट हकीमा, अमृतसर में एफआईआर नंबर 32 दिनांक 22.01.2026 दर्ज की गई है, जिसमें एनडीपीएस एक्ट की धारा 22-सी, 29/61/85 तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25/54/59 के तहत मामला पंजीकृत किया गया है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गश्त और तलाशी अभियान के दौरान आरोपी सतनाम सिंह उर्फ बिंदी को गिरफ्तार किया गया। उसकी व्यक्तिगत तलाशी के दौरान 523 ग्राम आईस ड्रग और दो ग्लॉक 9 एमएम पिस्तौल बरामद हुईं। पूछताछ के दौरान आरोपी ने खुलासा किया कि वह यह नशीला पदार्थ रमन, चिराग, ऋषभ और वैभव को सप्लाई करता था। इस सूचना के आधार पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को नामजद कर गिरफ्तार कर लिया।
आगे की जांच में सामने आया कि आरोपी सतनाम सिंह उर्फ बिंदी सिग्नल ऐप के माध्यम से ऑस्ट्रेलिया में बैठे ‘ढिल्लों’ नामक एक हैंडलर के संपर्क में था। यह हैंडलर पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए आईस ड्रग और अवैध हथियारों की तस्करी का समन्वय करता था। तस्करी नेटवर्क को सुरक्षित रखने के लिए हैंडलर केवल प्राप्तकर्ताओं की पहचान से जुड़े सीमित विवरण साझा करता था, जिससे आपस में संपर्क स्थापित न हो सके। पुलिस के अनुसार यह एक सुव्यवस्थित और संगठित तस्करी नेटवर्क का संकेत है।
पुलिस ने बताया कि आईस ड्रग (मेथामफेटामाइन) की कीमत हेरोइन से लगभग पांच गुना अधिक होती है, जिससे इसके व्यापारिक मूल्य और सामाजिक खतरे का अंदाजा लगाया जा सकता है।
पकड़े गए आरोपियों से 523 ग्राम आईस (मेथामफेटामाइन) और 02 ग्लॉक 9 एमएम पिस्तौल बरामद हुए हैं।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सतनाम सिंह उर्फ बिंदी (32), निवासी गांव कक्कड़, रमन (33), निवासी इंदिरा कॉलोनी, छब्बल रोड, चिराग (20), निवासी खजाना गेट, ऋषभ (18), निवासी खजाना गेट, वैभव (18), निवासी बाबा दीप सिंह एन्क्लेव के रूप में हुई है।
सभी आरोपियों को थाना गेट हकीमा क्षेत्र से अलग-अलग तिथियों में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों का कोई पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है।
यह कार्रवाई डीसीपी (डिटेक्टिव) रविंदरपाल सिंह के नेतृत्व में एडीसीपी-1 विशालजीत सिंह, एसीपी सेंट्रल जसपाल सिंह तथा थाना गेट हकीमा की एसएचओ इंस्पेक्टर मनजीत कौर की टीम द्वारा अंजाम दी गई। पुलिस ने कहा कि नेटवर्क से जुड़े अन्य लिंक की जांच जारी है और आने वाले दिनों में और खुलासे होने की संभावना है।
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